राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में थांदला टीम को दिल्ली में मिला राष्ट्रीय मंच थांदला ने रचा इतिहास — उदेपुरिया गांव बना झाबुआ जिले की सर्वश्रेष्ठ ग्राम कार्ययोजना का मॉडल



जावेद खान थांदला।

विकास की नई इबारत लिखते हुए थांदला क्षेत्र ने एक बार फिर झाबुआ जिले का नाम रोशन किया है। भारत सरकार नई दिल्ली द्वारा संचालित “आदि कर्मयोगी अभियान” में जिले के कुल 651 ग्रामों का चयन हुआ, जिनमें से 111 ग्राम थांदला विकासखंड के शामिल हैं।




जनजातीय वर्ग के सर्वांगीण विकास और विजन 2030 की दिशा में इन ग्रामों में 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक ग्रामवासियों की भागीदारी से ग्राम विकास पुस्तिकाएं तैयार की गईं। इन पुस्तिकाओं के आधार पर भविष्य की कार्ययोजनाएं तय की जाएंगी।



कलेक्टर श्रीमती नेहा मीणा और सीईओ जिला पंचायत श्री जितेन्द्रसिंह चौहान के निर्देशन में, एसडीएम श्री महेश मंडलोई, नोडल अधिकारी श्री देवेंद्र बराड़िया (सीईओ) तथा सहायक नोडल अधिकारी श्री दीपेश सोलंकी (बीईओ) ने निरंतर मॉनिटरिंग कर सभी 111 ग्रामों की उन्नत योजनाएं तैयार कराईं।

इसी क्रम में, बीईओ थांदला एवं क्षेत्र संयोजक श्री दीपेश सोलंकी द्वारा गोद लिए गए ग्राम उदेपुरिया को भारत सरकार ने झाबुआ जिले की सर्वश्रेष्ठ ग्राम कार्ययोजना के रूप में चयनित किया है। इस गौरवपूर्ण अवसर पर महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में 17 अक्टूबर को नई दिल्ली में आयोजित “नेशनल कॉन्क्लेव” में थांदला की टीम — श्री दीपेश सोलंकी, श्री भारत कटारा और श्री मशूल वसुनिया — को विशेष आमंत्रण मिला है।

यह उपलब्धि न केवल थांदला विकासखंड बल्कि पूरे झाबुआ जिले के लिए गर्व का क्षण है। राष्ट्रीय स्तर पर क्षेत्र की पहचान बनने से प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणजनों में गौरव और उत्साह की लहर है।


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